एपीएस-2010 के चयनित अभ्यर्थियों को नहीं मिली नियुक्ति, प्रदर्शन को मजबूर

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एपीएस-2010 के चयनित अभ्यर्थियों को नहीं मिली नियुक्ति, प्रदर्शन को मजबूर
एपीएस-2010 के चयनित अभ्यर्थियों को नहीं मिली नियुक्ति, प्रदर्शन को मजबूर

लखनऊ। सात साल बाद ही सही बीती अक्टूबर में अपर निजी सचिव-2010 का परीक्षाफल घोषित हो गया, लेकिन हाईकोर्ट के आदेश के बाद भी अभी तक सफल चयनित अभ्यार्थियों को नियुक्ति पत्र नहीं मिला है। पहले अचयनित अभ्यार्थियों द्वारा बार-बार हाईकोर्ट में याचिकाएं देकर नियुक्ति प्रक्रिया में देरी और अब हाईकोर्ट के छह सप्ताह में नियुक्ति पत्र जारी करने के आदेश के बाद भी सचिवालय प्रशासन द्वारा की जा रही लेट लतीफी के कारण मानसिक रूप से परेशान चयनित 249 अभ्यार्थी धरना देने को मजबूर हो गए हैं। अपनी नियुक्ति की मांग को लेकर चयनित अभ्यर्थियों ने शुक्रवार नौ मार्च को जीपीओ स्थित गांधी प्रतिमा पर धरना प्रदर्शन करने का ऐलान कर दिया है।

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बता दें कि अपर निजी सचिव परीक्षा के लिए विज्ञापन 2010 में जारी हुआ था, लेकिन उसके बाद यह भर्ती अटकी रही। बीती तीन अक्टूबर को इसका परिणाम घोषित किया गया है। लेकिन परिणाम घोषित होने के बाद अचयनित अभ्यार्थियों ने भर्ती प्रक्रिया को नियमों के विपरीत बताकर दो बार रिट याचिकाएं इलाहाबाद हाईकोर्ट में डालीं। जिनमें से एक को आंशिक रूप से स्वीकार करते हुए दोनों याचिकाए खारिज कर दी। हालाकि कोर्ट ने अंतिम चयन में शामिल 18 अभ्यर्थियों के कम्प्यूटर सर्टिफिकेट का पुन: परीक्षण कर कराने जाने के आदेश दिए। इसके बाद चयनित अभ्यर्थियों द्वारा नियुक्ति पत्र जारी करने के लिए सचिवालय प्रशासन अनुभाग 2 लखनऊ को बीती जनवरी में दो ज्ञापन दिए गए, लेकिन नियुक्ति पत्र जारी नहीं होने पर चयनित अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट की शरण ली।

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याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने बीती 07 फरवरी को सचिवालय प्रशासन अनुभाग 02 उत्तर प्रदेश शासन को चयनित अभ्यर्थियों को 06 सप्ताह के भीतर नियुक्ति पत्र जारी  करने के आदेश दिए। होर्ट ने कहा कि यदि सरकार नियुक्ति पत्र जारी नहीं करते है तो शपथ पत्र दाखिल कर नियुक्ति पत्र न जारी करने का कारण बताए। इन 6 सप्ताह में से चार हफ्ते का समय बीतने के बाद भी सचिवालय प्रशासन अनुभाग 02 की ओर से नियुक्ति पत्र नहीं जारी किए गए है।

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ऐसे में चयनित अभ्यार्थी मानसिक तनाव में गुजर रहे हैं। अभ्यार्थियों का कहना है कि परीक्षा फल घोषित होने के पांच माह बीत जाने और हाईकोर्ट के स्पष्ट आदेश के बावजूद उन्हें नियुक्ति पत्र नहीं दिया जा रहा है। जिससे चयनित 249 अभ्यार्थियों रोष है। अभ्यार्थियों ने कहा कि वह लोग नियुक्ति पत्र जारी करने की मांग को लेकर 09 मार्च को जीपीओ स्थित गांधी प्रतिमा पर धरना देंगे।

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